जलभराव वाले इलाकों का किया स्थलीय निरीक्षण, मौके पर ही अधिकारियों को दिए त्वरित जल निकासी के निर्देश; ट्रैफिक डायवर्जन और नदी किनारे रहने वालों से सतर्क रहने की अपील
हरिद्वार। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच हरिद्वार जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आया। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बनने पर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने स्वयं राहत कार्यों की कमान संभालते हुए अधिकारियों के साथ प्रभावित इलाकों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर ही जल निकासी कार्य में तेजी लाने, यातायात व्यवस्था सुचारु बनाए रखने और किसी भी आपात स्थिति से तत्काल निपटने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने भगत सिंह चौक, रानीपुर मोड़, कनखल स्थित गुरुबख्श विहार तथा राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूमनानंद अस्पताल के निकट जलभराव वाले क्षेत्रों का निरीक्षण कर हालात का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से जलभराव के कारणों की जानकारी ली और निर्देश दिए कि पंपिंग मशीनों एवं उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम उपयोग करते हुए पानी की निकासी तत्काल सुनिश्चित की जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने स्पष्ट कहा कि बारिश के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ युद्धस्तर पर कार्य करें और जहां से भी जलभराव की सूचना मिले, वहां बिना विलंब टीम पहुंचकर समस्या का समाधान करे। उन्होंने अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी करने तथा आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त संसाधन तैनात करने के निर्देश भी दिए।
यातायात व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी ने पुलिस एवं यातायात विभाग को निर्देश दिए कि जलभराव से प्रभावित मार्गों पर आवश्यकतानुसार ट्रैफिक डायवर्ट किया जाए। संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती कर लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, ताकि जाम या दुर्घटना जैसी स्थिति उत्पन्न न हो।
डीएम ने सभी विभागीय अधिकारियों को 24 घंटे अलर्ट मोड में रहने के निर्देश देते हुए कहा कि कंट्रोल रूम के माध्यम से लगातार निगरानी रखी जाए और किसी भी आपात सूचना पर तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किए जाएं।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने जनपदवासियों, कांवड़ यात्रियों और विशेष रूप से नदी किनारे रहने वाले लोगों से अपील की कि लगातार बारिश के कारण गंगा का जलस्तर बढ़ सकता है। ऐसे में कोई भी व्यक्ति अनावश्यक रूप से गंगा घाटों या नदी किनारों की ओर न जाए तथा प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करे।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि लाउडस्पीकर, सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से लोगों को लगातार जागरूक किया जाए तथा संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा के सभी आवश्यक इंतजाम सुनिश्चित किए जाएं।
निरीक्षण के दौरान नगर मजिस्ट्रेट हरगिरी, एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह, जिला सूचना अधिकारी रती लाल शाह, यातायात निरीक्षक संदीप नेगी, जल निगम के सहायक अभियंता सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।