स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार समिति की अर्धवार्षिक बैठक दिल्ली में संपन्न,जितेन्द्र रघुवंशी बोले, स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों को राष्ट्रीय धरोहर घोषित करे सरकार

नई दिल्ली। स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार समिति की अर्धवार्षिक राष्ट्रीय कार्यकारिणी बैठक रविवार को नई दिल्ली स्थित प्रेस क्लब ऑफ इंडिया में आयोजित हुई। बैठक में देश के 21 राज्यों के राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस दौरान संगठन के राष्ट्रीय विस्तार, स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों के सम्मान एवं अधिकारों तथा सामाजिक सरोकारों को लेकर व्यापक कार्ययोजना पर चर्चा की गई।

बैठक को संबोधित करते हुए संगठन के राष्ट्रीय महासचिव जितेन्द्र रघुवंशी ने कहा कि सरकार को स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों को देश की राष्ट्रीय धरोहर के रूप में मान्यता देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग और संघर्ष की विरासत को आगे बढ़ाने वाले परिवारों के सम्मान एवं अधिकारों को सुनिश्चित करना आवश्यक है।

उन्होंने कहा कि संगठन वर्तमान में करीब 23 राज्यों में सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है और आने वाले समय में देश के प्रत्येक राज्य तथा प्रत्येक स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार तक संगठन की पहुंच बनाने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि देशभर के स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारियों को एकजुट कर उनके अधिकारों और सम्मान के लिए प्रभावी रणनीति तैयार करने की आवश्यकता है।

मातृशक्ति और युवा शक्ति को दी नई जिम्मेदारी

बैठक में स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों की प्रथम पीढ़ी की बढ़ती आयु को देखते हुए संगठन में मातृशक्ति एवं युवा शक्ति की भागीदारी बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया। विभिन्न राज्यों के मातृशक्ति एवं युवा मंच के पदाधिकारियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए।

बैठक में संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के साथ-साथ सभी जिलों में जिलाध्यक्षों की नियुक्ति करने तथा महिला एवं युवा मोर्चे को विशेष जिम्मेदारियां सौंपने का निर्णय लिया गया।

उत्तराखंड की शशि शर्मा बनीं प्रदेश अध्यक्ष

बैठक में उत्तराखंड की वरिष्ठ महिला पत्रकार एवं स्वतंत्रता सेनानी परिवार से जुड़ी शशि शर्मा को उत्तराखंड प्रदेशाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। संगठन के विस्तार और स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों को संगठन से जोड़ने के लिए प्रदेश स्तर पर अभियान चलाने पर भी चर्चा हुई।

विभिन्न राज्यों में मिल रही सुविधाओं पर चर्चा

संगठन के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष द्विजेन्द्र मोहन शर्मा ने विभिन्न राज्यों में स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों को उपलब्ध सम्मान एवं सुविधाओं की स्थिति पर चर्चा की। पंजाब, उत्तराखंड, असम और छत्तीसगढ़ में लागू सरकारी प्रावधानों एवं अधिसूचनाओं का उल्लेख करते हुए अन्य राज्यों में भी स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवारों के लिए सम्मान, सुविधाओं एवं अधिकारों को लेकर रणनीति तैयार करने पर जोर दिया गया।

राष्ट्रीय अध्यक्ष देशबन्धु ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों की विरासत केवल इतिहास का हिस्सा नहीं है, बल्कि उनके त्याग, संघर्ष, राष्ट्रप्रेम और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को वर्तमान एवं आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना भी संगठन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।

सामाजिक एवं जनहित के कार्यों में बढ़ेगी भागीदारी

बैठक में संगठन के सामाजिक सरोकारों को विस्तार देने पर भी विचार किया गया। निर्णय लिया गया कि संगठन के विस्तार के साथ स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार समिति सामाजिक एवं जनहित के कार्यों में अपनी सक्रिय भागीदारी और बढ़ाएगी। प्रत्येक माह के प्रथम रविवार को सुबह 10 बजे आयोजित होने वाले संगठन के निर्धारित कार्यक्रम को देशभर में और प्रभावी बनाने पर भी चर्चा हुई।

बैठक में सभी प्रदेशों एवं विभिन्न प्रकोष्ठों से सुझाव लिए गए तथा उनके द्वारा किए जा रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए आगामी कार्ययोजना पर विचार-विमर्श किया गया। संगठन ने स्वतंत्रता सेनानी परिवारों के सम्मान एवं अधिकारों की आवाज को मजबूती से उठाने के साथ राष्ट्रहित और समाजहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया।

बैठक में राष्ट्रीय कार्यकारिणी की ओर से डॉ. राजा भइया मिश्रा, कृष्णेंद्र सिंह, महन्थ प्रजापति, सुरेश चंद्र सुयाल एवं विजय कुमार तोमर सहित 21 प्रांतों के वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे।

इसके अलावा उत्तर प्रदेश अध्यक्ष राजेश सिंह, मध्य प्रदेश महासचिव अरुण सिंह, छत्तीसगढ़ से चंद्र प्रकाश बाजपेयी, पंजाब प्रदेश अध्यक्ष परमजीत सिंह टिवाना, हरियाणा से सूबेदार बिजेन्द्र सिंह, असम से कमल चन्द्र लहकर, झारखंड से दिवाकान्त झा, तेलंगाना से मालरेड्डी राजा शेखर, बिहार से डॉ. अमर नाथ, महाराष्ट्र से निलेश भाई कोठारी एवं सुरेश चन्द्र बबेले, तमिलनाडु से ए. वेदरत्नम, मातृशक्ति मंच की छत्तीसगढ़ प्रदेशाध्यक्ष डॉ. उषा किरण वाजपेयी, उत्तराखंड प्रदेशाध्यक्ष शशि शर्मा, हरियाणा प्रदेशाध्यक्ष सुषमा शर्मा, पंजाब प्रदेशाध्यक्ष पवनदीप, झारखंड प्रदेशाध्यक्ष परिणिता झा, युवा मंच प्रदेशाध्यक्ष हीरापुरी सहित विभिन्न राज्यों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मृगांक शेखर, सुनील कुमार गुजराती, मोनोतोष दास, अखिलेश पाण्डेय, ओम प्रकाश मांझी, कोषाध्यक्ष आदित्य गहलोत, मातृशक्ति मंच की राष्ट्रीय अध्यक्ष दीपा दास तथा युवा मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदित्य प्रताप सिंह रघुवंशी सहित बड़ी संख्या में संगठन के पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *